राष्ट्रीय मंच पर चमके छत्तीसगढ़ के तीन शहर, राष्ट्रपति के हाथों मिलेगा स्वच्छता का सम्मान

रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा का स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 में चयन, 11 नवंबर को नई दिल्ली में होगा सम्मान समारोह; मुख्यमंत्री साय और उप मुख्यमंत्री अरुण साव ने दी बधाई

रायपुर। छत्तीसगढ़ की शहरी स्वच्छता व्यवस्था को राष्ट्रीय स्तर पर बड़ी पहचान मिली है। स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 में प्रदेश के तीन शहरों रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा का राष्ट्रीय पुरस्कारों के लिए चयन हुआ है। आगामी 11 नवंबर को नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु इन तीनों शहरों को सम्मानित करेंगी। इस उपलब्धि को प्रदेश में स्वच्छता के लिए प्रशासनिक प्रयासों और जनभागीदारी के सकारात्मक परिणाम के रूप में देखा जा रहा है।

सफाई मित्रों की मेहनत को राष्ट्रीय पहचान

तीनों शहरों के चयन में नगरीय निकायों के अधिकारियों-कर्मचारियों, सफाई मित्रों और आम नागरिकों की भूमिका महत्वपूर्ण रही है। शहरों को साफ-सुथरा रखने के लिए नियमित प्रयासों के साथ नागरिकों की सक्रिय भागीदारी ने स्वच्छता अभियान को मजबूती दी है। केंद्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्रालय ने राज्य सरकार को पत्र भेजकर तीनों शहरों के चयन की औपचारिक जानकारी दी है।

मंत्रालय के सचिव सतेंद्र सिंह ने राज्य में संचालित स्वच्छता गतिविधियों और नागरिक सहभागिता की सराहना की है। स्वच्छ सर्वेक्षण के दसवें संस्करण में मिली यह पहचान प्रदेश के अन्य नगरीय निकायों के लिए भी प्रेरणा बनेगी।

मुख्यमंत्री साय ने कहा – पूरे प्रदेश के लिए गौरव का अवसर

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा के नागरिकों, जनप्रतिनिधियों, नगरीय निकायों के अधिकारियों-कर्मचारियों और सफाई मित्रों को बधाई दी है। उन्होंने कहा कि राष्ट्रपति के हाथों प्रदेश के तीन शहरों का सम्मानित होना पूरे छत्तीसगढ़ के लिए गौरव और प्रसन्नता का विषय है। यह सम्मान उन हजारों सफाई मित्रों के परिश्रम का भी सम्मान है, जो प्रतिदिन शहरों को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने में जुटे रहते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वच्छता केवल सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि जनभागीदारी से संचालित व्यापक जनआंदोलन है। सरकार का प्रयास है कि प्रदेश के प्रत्येक शहर में बेहतर स्वच्छता व्यवस्था हो और नागरिकों को स्वच्छ एवं स्वस्थ वातावरण मिले। उन्होंने स्वच्छता को नागरिकों के स्वास्थ्य, सम्मान और जीवन की गुणवत्ता से जुड़ा संकल्प बताया।

अरुण साव ने नगरीय निकायों को दी बधाई

उप मुख्यमंत्री एवं नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव ने तीनों शहरों के चयन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए संबंधित नगरीय निकायों की टीमों, जनप्रतिनिधियों, सफाई मित्रों और नागरिकों को बधाई दी है। उन्होंने कहा कि यह उपलब्धि बताती है कि स्थानीय निकायों की सक्रियता, सफाई मित्रों की मेहनत और नागरिकों के सहयोग से स्वच्छता के क्षेत्र में उल्लेखनीय परिणाम हासिल किए जा सकते हैं।

उन्होंने विश्वास जताया कि तीनों शहरों को मिलने वाला राष्ट्रीय सम्मान प्रदेश के दूसरे नगरीय निकायों को भी बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रेरित करेगा। सरकार स्वच्छता को शहरों की नियमित कार्यसंस्कृति और नागरिकों की दैनिक जीवनशैली का हिस्सा बनाने की दिशा में प्रयासरत है।

समारोह में सफाई मित्रों की भी रहेगी भागीदारी

नई दिल्ली में होने वाले राष्ट्रीय सम्मान समारोह में सफाई मित्रों और मैदानी कर्मचारियों को विशेष महत्व दिया जाएगा। केंद्रीय मंत्रालय ने चयनित शहरों के प्रतिनिधिमंडलों में सफाई मित्रों, स्वच्छता निरीक्षकों, पर्यवेक्षकों, अभियंताओं और स्वच्छता मिशन से जुड़े प्रतिनिधियों को शामिल करने के लिए आमंत्रित किया है। प्रत्येक पुरस्कार प्राप्त शहर से चार प्रतिनिधियों को मंच पर सम्मान ग्रहण करने का अवसर मिलेगा।

समारोह में केंद्रीय आवासन और शहरी कार्य मंत्री मनोहर लाल तथा केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू भी उपस्थित रहेंगे।

अन्य शहरों के सामने भी बेहतर प्रदर्शन की चुनौती

स्वच्छ सर्वेक्षण 2025-26 की थीम ‘स्वच्छता की नई पहल – बढ़ाएं हाथ, करें सफाई साथ’ रखी गई है। यह थीम स्वच्छता के प्रति सामूहिक जिम्मेदारी और नागरिक सहभागिता को मजबूत करने का संदेश देती है।

रायपुर, बिलासपुर और बिल्हा की उपलब्धि से प्रदेश के अन्य नगरीय निकायों को भी नई प्रेरणा मिलेगी। अब जरूरत इस राष्ट्रीय पहचान को बरकरार रखने और छोटे-बड़े सभी शहरों में स्वच्छता व्यवस्था को लगातार बेहतर बनाने की है। स्वच्छ शहरों का निर्माण केवल पुरस्कार पाने का लक्ष्य नहीं, बल्कि नागरिकों के लिए बेहतर और स्वस्थ जीवन सुनिश्चित करने की दिशा में जरूरी कदम है।