PM नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में वैश्विक मंच पर भारत की बढ़ी ताकत, BRICS की अध्यक्षता बनी नेतृत्व क्षमता की मिसाल

रायपुर, 13 सितंबर 2026। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की वैश्विक भूमिका लगातार मजबूत हुई है। वर्ष 2026 में भारत को BRICS की अध्यक्षता मिलना और 18वें BRICS शिखर सम्मेलन की मेजबानी करना देश की बढ़ती प्रतिष्ठा और नेतृत्व क्षमता का प्रमाण है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि यह हर भारतवासी के लिए गौरव का अवसर है। भारत अब केवल अपने राष्ट्रीय हितों की आवाज उठाने वाला देश नहीं, बल्कि विकासशील देशों और Global South की आकांक्षाओं को वैश्विक मंच पर मजबूती से रखने वाली प्रभावशाली शक्ति के रूप में सामने आया है।

BRICS के जरिए दुनिया को साथ लेकर आगे बढ़ने का संदेश

मुख्यमंत्री साय ने कहा कि “Building Resilience, Innovation, Cooperation, and Sustainability” की थीम के साथ भारत की BRICS अध्यक्षता वैश्विक सहयोग, innovation और sustainable development को नई दिशा देने का अवसर है। भारत का दृष्टिकोण दुनिया को साथ लेकर चलने और साझा विकास के नए रास्ते तैयार करने का रहा है।

उन्होंने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ भारत ने वैश्विक मंचों पर हमेशा स्पष्ट और दृढ़ रुख अपनाया है। वहीं Digital Public Infrastructure, financial inclusion और technology के क्षेत्र में भारत का अनुभव दुनिया के लिए एक उदाहरण बन रहा है। BRICS जैसे मंच इन उपलब्धियों और विकास मॉडल को दूसरे देशों के साथ साझा करने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं।

भारत की बढ़ती ताकत से राज्यों को भी नए अवसर

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत की बढ़ती वैश्विक भूमिका का लाभ देश के राज्यों को भी मिल रहा है। निवेश, technology, innovation और रोजगार के नए अवसर तैयार हो रहे हैं। विकसित भारत के संकल्प के साथ छत्तीसगढ़ भी विकसित छत्तीसगढ़ की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है।

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को भारत की BRICS अध्यक्षता के लिए बधाई और शुभकामनाएं देते हुए कहा कि भारत का नेतृत्व वैश्विक सहयोग को मजबूत करने, Global South की आवाज को प्रभावी बनाने और साझा समृद्धि के नए रास्ते खोलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

मुख्य बातें

  • 2026 में भारत के पास BRICS की अध्यक्षता
  • 18वें BRICS शिखर सम्मेलन की मेजबानी भारत करेगा
  • Global South की आवाज को मजबूती देने पर जोर
  • Digital Public Infrastructure और तकनीक के भारतीय मॉडल की वैश्विक चर्चा
  • निवेश, innovation और रोजगार के नए अवसरों की उम्मीद