सिंगापुर में छत्तीसगढ़ की बड़ी छलांग, 43,250 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव; डेटा सेंटर के लिए 41,750 करोड़

सिंगापुर। वैश्विक निवेश के मंच पर छत्तीसगढ़ ने अपनी मौजूदगी मजबूत की है। सिंगापुर में आयोजित SING Forum 2026 में प्रदेश के लिए कुल 43,250 करोड़ रुपये के FDI प्रस्ताव सामने आए। इनमें 100 मेगावाट क्षमता के हाइपरस्केल डेटा सेंटर के लिए 41,750 करोड़ रुपये का निवेश प्रस्ताव प्रमुख है।

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने सिंगापुर स्थित Energy Capital Global Pte Ltd को प्रस्तावित परियोजना के लिए औपचारिक ‘Invitation to Invest’ पत्र सौंपा। इस प्रस्ताव के साथ छत्तीसगढ़ के डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर को वैश्विक स्तर पर विस्तार देने की संभावनाएं और मजबूत हुई हैं।

डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़े निवेश की तैयारी

100 मेगावाट का प्रस्तावित हाइपरस्केल डेटा सेंटर प्रदेश में डेटा और डिजिटल सेवाओं के लिए अत्याधुनिक आधार तैयार कर सकता है। परियोजना के आकार को देखते हुए इससे डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के साथ तकनीकी सेवाओं और इससे जुड़े कारोबार में भी नई गतिविधियां बढ़ने की संभावना है।

यह निवेश प्रस्ताव छत्तीसगढ़ की पारंपरिक औद्योगिक पहचान से आगे बढ़कर नई अर्थव्यवस्था के क्षेत्रों में अपनी जगह बनाने की कोशिश को भी दर्शाता है।

वैश्विक कंपनियों का बढ़ रहा भरोसा

SING Forum में सामने आए 43,250 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्तावों को प्रदेश के प्रति अंतरराष्ट्रीय निवेशकों की बढ़ती रुचि के तौर पर देखा जा रहा है। विशेष रूप से डेटा सेंटर के लिए प्रस्तावित भारी निवेश डिजिटल सेक्टर में छत्तीसगढ़ की संभावनाओं को रेखांकित करता है।

निवेश पर नजर: 100 मेगावाट हाइपरस्केल डेटा सेंटर के लिए 41,750 करोड़ रुपये के प्रस्ताव सहित छत्तीसगढ़ को SING Forum 2026 में कुल 43,250 करोड़ रुपये के FDI प्रस्ताव मिले।

नई तकनीक के साथ रोजगार और कौशल के अवसर

डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर में बड़े निवेश से तकनीकी क्षेत्र में नई गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। इसके साथ रोजगार, कौशल विकास और स्थानीय कारोबार के लिए नए अवसर विकसित हो सकते हैं।

छत्तीसगढ़ सरकार लगातार खनिज, ऊर्जा और पारंपरिक उद्योगों के साथ-साथ तकनीक, स्टार्टअप, ग्रीन एनर्जी और डिजिटल अर्थव्यवस्था जैसे क्षेत्रों में निवेश आकर्षित करने पर जोर दे रही है।

सिंगापुर से मिले ये निवेश प्रस्ताव छत्तीसगढ़ की बदलती आर्थिक तस्वीर का संकेत हैं। 41,750 करोड़ रुपये की डेटा सेंटर परियोजना के साथ प्रदेश वैश्विक डिजिटल निवेश के नक्शे पर अपनी दावेदारी मजबूत करता नजर आ रहा है।